पिछले कुछ समय से ई-कॉमर्स वेबसाइट फ्लिपकार्ट स्नैपडील का अधिग्रहण करने के प्रयास में है, भारत में फ्लिपकार्ट को अमेजॉन से मिल रही है कड़ी टक्कर के चलते फ्लिपकार्ट स्नैपडील को खरीदने का पूरा प्रयास कर रही है। अमेजॉन भारत सहित लगभग 100 देशों में अपनी सर्विस उपलब्ध करा रहा है, प्रतिस्पर्धा की इस दौड़ में फ्लिपकार्ट भी अमेजॉन को पछाड़ना चाहता है, फ्लिपकार्ट ने स्नैपडील को खरीदने के लिए नई पेशकश की है और यह पेशकश है 90 से 95 करोड़ डॉलर की। सूत्रों से पता चला है कि यह नया ऑफर स्नैपडील के ऑनलाइन मार्केट प्लेस और यूनीकॉमर्स को खरीदने के लिए किया दिया है।
यूनिकामर्स एक ई कॉमर्स मैनेजमेंट सॉफ्टवेयर ऑफ फुल फिलमेंट साल्यूशन प्रोवाइडर है जिसका अधिग्रहण स्नैपडील ने 2005 में किया था।
नई पेशकश पर स्नैपडील करेगा निदेशक मंडल की बैठक-
फ्लिपकार्ट के नए ऑफर पर विचार विमर्श करने के लिए स्नैपडील के निदेशक मंडल की बैठक आयोजित की जाएगी, सूत्रों ने अपनी पहचान जाहिर करने से मना कर दिया है उन्होंने कहा है कि बातचीत जारी है अभी इसे अंतिम रुप नहीं दिया गया है उम्मीद यहीं जताई जा रही है कि स्नैपडील इस पेशकश को स्वीकार कर लेगा, स्वीकार करने के बाद दोनों कंपनियों के बीच सेल्स और पेचेज एग्रीमेंट पर चर्चा होगी जिसमें नगद और संपत्तियों पर थोड़े फेरबदल की संभावना जताई जा रही है।
फ्लिपकार्ट ने पहले दिया था इतने रुपए का ऑफर-
फ्लिपकार्ट स्नैपडील को खरीदने के लिए पहले भी ऑफर दे चुका है जो कि 5500 करोड़ रुपए का था परंतु स्नैपडील को यह राशि उचित नहीं लगी थी। स्नैपडील के निदेशक मंडल ने उस पेशकश को यह कहते हुए ठुकरा दिया था कि फ्लिपकार्ट ने उसका मूल्यांकन सही नहीं किया। खबरों के मुताबिक स्नैपडील अपने मोबाइल पेमेंट यूनिट फ्रीचार्ज और लॉजिस्टिक बिल्कन एक्सप्रेस भी बेचने की तैयारी में है परंतु यह डील इस डील से अलग बताई जा रही है। फ्लिपकार्ट और स्नैपडील के बीच अगर यह सोदा हो जाता है तो ई-कॉमर्स बाजार में है सबसे बड़ा अधिग्रहण होगा।
इंफीबीम भी खरीदना चाहती है स्नैपडील को
फ्लिपकार्ट द्वारा स्नैपडील को दिए गए इस ऑफर के साथ-साथ खबरें आ रही है कि एक अन्य ई-कॉमर्स वेबसाइट इंफीबीम ने भी स्नैपडील का अधिग्रहण करने की पेशकश की है खबरें थी कि इंफीबीम स्नैपडील की वैल्यू एक अरब डॉलर लगा सकती है परंतु इंफीबीम ने इससे इंकार कर दिया है। इंफीबीम की पेशकश से फ्लिपकार्ट के लिए प्रतिस्पर्धा अवश्य बढ़ गई है।